RNI NO MPHIN/2023/91045

प्रधान संपादक:- श्री दिनेश शर्मा
मुख्य संपादक:- श्री पीयूष शर्मा

प्रदेश में हर तीसरे दिन उद्योग जगत को नई सौगात और युवाओं को मिल रहे हैं रोजगार के अवसर: मुख्यमंत्री डॉ. यादव

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के मार्गदर्शन में बदलते दौर में भारत की भूमिका विश्व में निरंतर महत्वपूर्ण हो रही है। भारत को कभी सोने की चिड़िया कहा जाता था। आज भारत सोने के बाघ की तरह दहाड़ रहा है। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ‘भारत फर्स्ट’ की भावना से देश के किसान और उद्योगपतियों के लिए दुनिया से लोहा लेने को तैयार हैं। उनकी मंशा के अनुरूप प्रदेश में हर दूसरे या तीसरे दिन उद्योगों को नई सौगात और युवाओं को रोजगार का लाभ मिल रहा है। इसी क्रम में सीहोर के बडियाखेड़ी में 2000 करोड़ रुपए के निवेश से नए उद्योग आरंभ किए जाएंगे। सीहोर में जल्द ही एक लाख मैट्रिक टन सब्जियों की खरीद की व्यवस्था शुरू होगी, इससे जिले के दो लाख परिवारों को लाभ मिलेगा। सीहोर में पावर ट्रांसफार्मर की इकाई लगने से भी रोजगार के अवसर बढ़ेंगे। सीहोर को “पार्वती काली सिंध चंबल परियोजना” का लाभ भी मिलेगा। आगामी वर्षों में सीहोर, भोपाल मेट्रोपॉलिटन सिटी का महत्वपूर्ण हिस्सा होगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव शनिवार को सीहोर जिले के बडियाखेड़ी में नई औद्योगिक इकाइयों के भूमि-पूजन और आशय-पत्र वितरण कार्यक्रम में उपस्थित जन समुदाय को संबोधित कर रहे थे। कार्यक्रम में 400 से अधिक उद्योग जगत के प्रतिनिधियों ने सहभागिता की।

रोजगारपरक उद्योग लगाने विशेष प्रोत्साहन प्रदान कर रही है राज्य सरकार

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि उद्योग लगाने में कई चुनौतियों का सामना करना पड़ता है। राज्य सरकार उद्योगपतियों को हर संभव सहयोग कर प्रदेश में रोजगार परकउद्योग लगाने को विशेष प्रोत्साहन दे रही है। हमारा प्रयास है कि प्रदेश के युवाओं को रोजगार के लिए प्रदेश से बाहर जाने की जरूरत न पड़े। प्रदेश में महिलाकर्मियों के लिए 10 साल तक 6000 रुपये प्रति माह और पुरुषकर्मियों के लिए 5000 रुपये मासिक अनुदान राज्य सरकार की ओर से उद्योगपतियों को दिया जाएगा। प्रदेश में स्थापित हो रहे उद्योग विकास और रोजगार के केंद्र हैं मंदिर के समान हैं।

सीहोर में 12 से 14 अक्टूबर तक होगा राज्य स्तरीय कृषि मेला

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया कि सीहोर में 12 से 14 अक्टूबर तक राज्य स्तरीय कृषि मेला आयोजित किया जाएगा, जिसमें देशभर के उद्योगपति, किसान और विशेषज्ञ शामिल होंगे। उन्होंने कहा कि हम मध्यप्रदेश को कृषि और दुग्ध उत्पादन में देश में सर्वश्रेष्ठ बनाने के लक्ष्य के कार्य कर रहे हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया कि राज्य सरकार प्रत्येक विकासखंड में एक वृंदावन ग्राम विकसित कर रही है। प्रदेश में श्रीकृष्ण पथ विकसित करने की दिशा में भी कार्य जारी है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि वर्तमान में प्रदेश में कृषि सिंचाई का रकबा बढ़कर 52 लाख हेक्टेयर से अधिक हो गया है। स्वास्थ्य, शिक्षा, कृषि, पर्यटन सहित सभी क्षेत्रों में नवाचार किए जा रहे हैं। राज्य सरकार की एयर एंबुलेंस योजना का देश के अन्य राज्य अनुसरण कर रहे हैं। गरीब जरूरतमंद परिवारों के लिए जिलों में शव वाहन भी उपलब्ध कराए गए हैं। किसान कल्याण और बहनों के सशक्तिकरण के लिए प्रदेश में विशेष योजनाएं क्रियान्वित की जा रही है।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव प्रदेश में निवेश लाने के कर रहे है वैश्विक स्तर पर प्रयासरत : मंत्री श्री वर्मा

राजस्व मंत्री श्री करण सिंह वर्मा ने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. यादव प्रदेश में निवेश लाने के वैश्विक स्तर पर प्रयासरत हैं। सीहोर में उद्योग लगने से स्थानीय युवाओं को रोजगार मिलेगा। उन्होंने बताया कि राजस्व विभाग द्वारा अब तक प्रदेश के 1 करोड़ 9 लाख किसानों के लंबित मामलों का निपटारा किया गया है और 42 लाख लोगों को पट्टे बांटे गए हैं।

नई औद्योगिक ईकाइयों का भूमि-पूजन सीहोर के लिए ऐतिहासिक: राज्य मंत्री श्रीमती गौर

अल्पसंख्यक कल्याण राज्यमंत्री एवं सीहोर की प्रभारी श्रीमती कृष्णा गौर ने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने प्रदेश को विकास में शीर्ष पर ले जाने का संकल्प लिया है। उनके नेतृत्व में राज्य सरकार ने औद्योगिक विकास के लिए रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव, आईटी कॉन्क्लेव, किसान मेला, माइनिंग कॉन्क्लेव, हेल्थ एंड वेलनेस कॉन्क्लेव, टूरिज्म कॉन्क्लेव और भोपाल के इतिहास में पहली बार ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट आयोजित की। देश का हर बड़ा उद्योगपति और निवेशक मध्यप्रदेश आ रहा है, नई औद्योगिक ईकाइयों का भूमि-पूजन सीहोर के लिए ऐतिहासिक है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव के नेतृत्व में प्रदेश में औद्योगिक विकास के नए युग का सूत्रपात हुआ है।

औद्योगिक निवेश जिले के विकास के नए द्वार खोलेगा : विधायक श्री सुदेश राय

सीहोर विधायक श्री सुदेश राय ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी एवं मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में देश एवं प्रदेश में निरंतर औद्योगिक विकास हो रहा है। उन्होंने कहा कि सीहोर में हो रहा यह औद्योगिक निवेश जिले के लिए विकास के नए द्वार खोलेगा।

इन औद्योगिक इकाइयों का हुआ भूमिपूजन और आशय-पत्र वितरण

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कार्यक्रम में 6 औद्योगिक इकाइयों का भूमिपूजन किया। इनमें सीजी पावर एंड इंडस्ट्रियल सॉल्यूशन्स लिमिटेड द्वारा एशिया की सबसे बड़ी सिंगल लोकेशन ट्रांसफॉर्मर यूनिट स्थापित की जा रही है। जहांगीरपुर, सिहोर में 18.26 हेक्टेयर भूमि पर 888 करोड़ रूपये का निवेश होगा और लगभग 400 रोजगार सृजित होंगे। बारमाल्ट माल्टिंग इंडिया प्राइवेट लिमिटेड भारत की सबसे बड़ी माल्टिंग निर्माता कंपनी, द्वारा फूड प्रोसेसिंग सेक्टर में 400 करोड़ रूपये के निवेश से शुरुआत की जायेगी। बड़ियाखेड़ी फेज-2 में 10.25 हेक्टेयर भूमि आवंटित की गई है, जिससे 350 से अधिक रोजगार सृजित होंगे। इको कंक्रीट क्रिएशन प्राइवेट लिमिटेड 11.15 हेक्टेयर भूमि पर 170 करोड़ रूपये के निवेश से भवन निर्माण सामग्री क्षेत्र में यह इकाई स्थापित होगी, जिससे 230 युवाओं को रोजगार मिलेगा। वन्या वेदा ग्रीन्स को खाद्य प्र-संस्करण क्षेत्र में 20.020 हेक्टेयर भूमि आवंटित की गई है। इस इकाई में 115 करोड़ रूपये के प्रस्तावित निवेश से 100 से अधिक रोज़गार सृजित होंगे। श्री अन्नपूर्णा इंडस्ट्रीज फूड प्रोसेसिंग क्षेत्र, विशेष रूप से आटा और चावल मिलिंग में 6 करोड़ रूपये का निवेश करेगी। यह 0.1 हेक्टेयर भूमि पर स्थापित होगी। श्रीकृष्णा इंडस्ट्रीज खाद्य प्र-संस्करण क्षेत्र के लिये 0.47 हेक्टेयर भूमि पर 3 करोड़ का निवेश करेगी। इससे स्थानीय उद्योग और स्वरोजगार को बढ़ावा मिलेगा।

कार्यक्रम में बुधनी‍विधायक श्री रमाकांत भार्गव, आष्टा विधायक श्री गोपाल सिंह इंजिनियर, जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती रचना सुरेंद्र मेवाड़ा, उद्योगपोति श्री अमरकौल, श्री विशाल अग्रवाल, श्री पुष्पराज सिंह, श्री शुभम खंडेलवाल, श्री सीपी शर्मा, श्री आयुष पाराशर, प्रमुख सचिव औद्योगिक नीति एवं निवेश प्रोत्साहन श्री राघवेंद्र सिंह, कलेक्टर श्री बालागुरू के., पुलिस अधीक्षक श्री दीपक कुमार शुक्ला सहित जनप्रतिनिधि, उद्योगपति एवं बड़ी संख्या में नागरिक मौजूद रहे।

Recent Posts

ग्रामीण अंचलों में उत्खनन माफिया बेलगाम जंगल, चरणोई और शासकीय भूमि पर खुलेआम खुदाई—प्रशासन की चुप्पी पर उठे सवाल? आष्टा। दिनेश शर्मा आष्टा नगर के आसपास स्थित ग्रामीण क्षेत्रों में उत्खनन माफिया बेखौफ होकर जंगलों, चरणोई भूमि एवं शासकीय जमीनों पर अवैध उत्खनन कर सरकार को करोड़ों रुपये का चूना लगा रहे हैं। हैरानी की बात यह है कि यह सब लंबे समय से खुलेआम चल रहा है, फिर भी जिम्मेदार प्रशासनिक अमला मौन साधे हुए है। सूत्रों से प्राप्त जानकारी के अनुसार एक प्रभावशाली उत्खनन माफिया बिना किसी वैधानिक स्वीकृति के निजी जमीन की आड़ लेकर बड़े पैमाने पर खुदाई कर रहा है। इस अवैध उत्खनन में न केवल संबंधित किसान की भूमि को नुकसान पहुंचाया जा रहा है, बल्कि आसपास की शासकीय भूमि और चरणोई जमीन भी बेरहमी से खोद डाली गई है। सूत्र यह भी बताते हैं कि गोपालपुर–चिन्नीथा क्षेत्र में एक उत्खनन माफिया द्वारा भारी स्तर पर अवैध खुदाई की जा रही है। खासकर गोपालपुर के बड्ढले क्षेत्र में चल रही खुदाई और मिट्टी/मोरम के परिवहन की कोई वैधानिक अनुमति अब तक जारी नहीं हुई है, इसके बावजूद प्रतिदिन मशीनों से खुदाई और वाहनों के जरिए परिवहन जारी है। इस बात की गवाही अवैध खनन से माफियाओ द्वारा सरकारी जमीनों को बड़े बड़े तालाब नुमा आकार में कर दी है । बताया जा रहा है कि संबंधित माफिया ने किसान से निजी आर्थिक समझौते के आधार पर उसकी जमीन का उपयोग करते हुए, पास की शासकीय बड्ढले भूमि को भी खोदकर तालाब का रूप दे दिया है। यह सीधे-सीधे शासकीय संपत्ति को नुकसान पहुंचाने और नियमों की खुली अवहेलना का मामला है। सबसे चिंताजनक पहलू यह है कि स्थानीय प्रशासन को इस पूरे अवैध उत्खनन की जानकारी न हो, ऐसा मानना मुश्किल है? इसके बावजूद न तो अब तक कोई ठोस कार्रवाई हुई है और न ही मशीनें जब्त की गई हैं। प्रशासन की यही उदासीनता उत्खनन माफियाओं का हौसला बढ़ा रही है। जानकारो का कहना है कि यदि समय रहते इस अवैध उत्खनन पर रोक नहीं लगाई गई, तो पर्यावरणीय संतुलन बिगड़ने के साथ-साथ सरकारी राजस्व को भारी नुकसान होता रहेगा। जिला खनिज प्रशासन ,और स्थानीय प्रशासन को चाहिए की मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कड़ी कार्रवाई और अवैध उत्खनन रोक लगावे ।

आष्टा | नलों में ज़हर! दूषित पानी से जनता की सेहत से खुला खिलवाड़, नपा बे परवाह । आष्टा शहर में इन दिनों नलों से पानी नहीं, बीमारियाँ बह रही हैं, लेकिन जिम्मेदारों की आँखों पर जैसे लापरवाही की पट्टी बंधी हुई है।

आष्टा | अव्यवस्था, पक्षपात और सवालों के बीच मना 77वां गणतंत्र दिवस देश का 77वां गणतंत्र दिवस आष्टा नगर सहित आसपास के ग्रामीण अंचलों में पूरे हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। शासकीय एवं अशासकीय संस्थानों में ध्वजारोहण हुआ, देशभक्ति के संदेश गूंजे और बच्चों की प्रस्तुतियों ने माहौल को जीवंत बनाया।

error: Content is protected !!