RNI NO MPHIN/2023/91045

प्रधान संपादक:- श्री दिनेश शर्मा
मुख्य संपादक:- श्री पीयूष शर्मा

गोस्वामी समाज के तहसील अध्यक्ष बने आनंद गोस्वामी,,

गोस्वामी समाज के तहसील अध्यक्ष बने आनंद गोस्वामी,,

*दिनेश शर्मा आष्टा हलचल*

आष्टा,,अखिल भारतीय दस नाम गोस्वामी सभा की एक तहसील स्तर पर नगर के संगम मंदिर पर आयोजित की गई ,बैठक की अध्यक्षता समाज के वरिष्ठ श्री प्रकाश पूरी गोस्वामी के नेतृत्व में की गई , सर्व प्रथम आदि गुरु शंकराचार्य जी के चित्र पर माला अर्पण की ,बैठक में आष्टा नगर एवं तहसील के कई ग्राम उदयपुर, रीछडिया,हकीमाबाद ,नो गांव,अरनिया गाजी,जसमत,दारखेड़ा, करमन खेड़ी ,मेना,पावखेड़ी,सेवदा,सांगाखेड़ी,से समाज के लोग एकत्रित हुए जिसमें समाज से जुड़े कई विषय पर चर्चा की गई बैठक में नवीन कार्यकारणी का गठन करने हेतु समाज के युवा समाज सेवी आनंद गोस्वामी को नि विरोध सभी की सहमति से तहसील का अध्यक्ष चुना गया ,उपस्थित लोगों ने समर्थन कर बधाई प्रेषित की बैठक में प्रमुख रूप से महंत कमल पूरी गोस्वामी,राजेंद्र भारती,डॉ मनोहर गोस्वामी,विमल गोस्वामी,नरेंद्र पूरी उदयपुर,जितेन्द्र लंगापुरा,दीपक गोस्वामी निपानिया,अरविंद गोस्वामी,महेश गोस्वामी खेड़ापति,पंकज गोस्वामी,कपिल भारती हकीमाबाद,रवि गिरी रीछडिया,किशोर गिरी,अमन गिरी संगम मंदिर,सचिन पूरी,भविष्य गोस्वामी,पारस पूरी,कपिल पूरी,जसपाल गोस्वामी उदयपुर,रमेश पूरी नौगांव,सूरज गिरी दारखेड़ा,विनोद गोस्वामी डुका,प्रेम वन,लक्ष्मण भारती पावखेड़ी,हेमंत गोस्वामी,छगन पर्वत,ज्ञान पूरी,देव पूरी सांगा खेड़ी,रविन्द्र भारती,मुकेश गोस्वामी,सचिन पूरी,संदीप पूरी,भविष्य गोस्वामी,विनोद गोस्वामी,सुनील पूरी,सचिन गिरी,आर्यन गिरी,विनोद पूरी,संजय पूरी,महेश पूरी,आकाश गोस्वामी हर्ष पूरी,रवि भारती हकिमाबाद एवं बड़ी संख्या में समाज जन उपस्थित हुए।

Recent Posts

ग्रामीण अंचलों में उत्खनन माफिया बेलगाम जंगल, चरणोई और शासकीय भूमि पर खुलेआम खुदाई—प्रशासन की चुप्पी पर उठे सवाल? आष्टा। दिनेश शर्मा आष्टा नगर के आसपास स्थित ग्रामीण क्षेत्रों में उत्खनन माफिया बेखौफ होकर जंगलों, चरणोई भूमि एवं शासकीय जमीनों पर अवैध उत्खनन कर सरकार को करोड़ों रुपये का चूना लगा रहे हैं। हैरानी की बात यह है कि यह सब लंबे समय से खुलेआम चल रहा है, फिर भी जिम्मेदार प्रशासनिक अमला मौन साधे हुए है। सूत्रों से प्राप्त जानकारी के अनुसार एक प्रभावशाली उत्खनन माफिया बिना किसी वैधानिक स्वीकृति के निजी जमीन की आड़ लेकर बड़े पैमाने पर खुदाई कर रहा है। इस अवैध उत्खनन में न केवल संबंधित किसान की भूमि को नुकसान पहुंचाया जा रहा है, बल्कि आसपास की शासकीय भूमि और चरणोई जमीन भी बेरहमी से खोद डाली गई है। सूत्र यह भी बताते हैं कि गोपालपुर–चिन्नीथा क्षेत्र में एक उत्खनन माफिया द्वारा भारी स्तर पर अवैध खुदाई की जा रही है। खासकर गोपालपुर के बड्ढले क्षेत्र में चल रही खुदाई और मिट्टी/मोरम के परिवहन की कोई वैधानिक अनुमति अब तक जारी नहीं हुई है, इसके बावजूद प्रतिदिन मशीनों से खुदाई और वाहनों के जरिए परिवहन जारी है। इस बात की गवाही अवैध खनन से माफियाओ द्वारा सरकारी जमीनों को बड़े बड़े तालाब नुमा आकार में कर दी है । बताया जा रहा है कि संबंधित माफिया ने किसान से निजी आर्थिक समझौते के आधार पर उसकी जमीन का उपयोग करते हुए, पास की शासकीय बड्ढले भूमि को भी खोदकर तालाब का रूप दे दिया है। यह सीधे-सीधे शासकीय संपत्ति को नुकसान पहुंचाने और नियमों की खुली अवहेलना का मामला है। सबसे चिंताजनक पहलू यह है कि स्थानीय प्रशासन को इस पूरे अवैध उत्खनन की जानकारी न हो, ऐसा मानना मुश्किल है? इसके बावजूद न तो अब तक कोई ठोस कार्रवाई हुई है और न ही मशीनें जब्त की गई हैं। प्रशासन की यही उदासीनता उत्खनन माफियाओं का हौसला बढ़ा रही है। जानकारो का कहना है कि यदि समय रहते इस अवैध उत्खनन पर रोक नहीं लगाई गई, तो पर्यावरणीय संतुलन बिगड़ने के साथ-साथ सरकारी राजस्व को भारी नुकसान होता रहेगा। जिला खनिज प्रशासन ,और स्थानीय प्रशासन को चाहिए की मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कड़ी कार्रवाई और अवैध उत्खनन रोक लगावे ।

आष्टा | नलों में ज़हर! दूषित पानी से जनता की सेहत से खुला खिलवाड़, नपा बे परवाह । आष्टा शहर में इन दिनों नलों से पानी नहीं, बीमारियाँ बह रही हैं, लेकिन जिम्मेदारों की आँखों पर जैसे लापरवाही की पट्टी बंधी हुई है।

आष्टा | अव्यवस्था, पक्षपात और सवालों के बीच मना 77वां गणतंत्र दिवस देश का 77वां गणतंत्र दिवस आष्टा नगर सहित आसपास के ग्रामीण अंचलों में पूरे हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। शासकीय एवं अशासकीय संस्थानों में ध्वजारोहण हुआ, देशभक्ति के संदेश गूंजे और बच्चों की प्रस्तुतियों ने माहौल को जीवंत बनाया।

error: Content is protected !!